मेरठ। दिल्ली रोड स्थित किशन इंस्टिट्यूट ऑफ टीचर एजुकेशन, मेरठ में माँ समिस्ता सेवा संस्कार फाउंडेशन एवं केआईटीई ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशन्स के संयुक्त तत्वावधान में डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन सम्मान 2025 का भव्य आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं वैदिक मंत्रोच्चारण से हुआ। मुख्य अतिथि डॉ. सुरेश पाल ने कहा कि शिक्षक समाज की आत्मा हैं, जो अपने ज्ञान व मूल्यों से राष्ट्र को दिशा देते हैं।
पूर्व आयुक्त दानवीर सिंह ने संविधान को राष्ट्र की आत्मा बताते हुए कहा कि यह केवल कानून की पुस्तक नहीं है। आईटीई मेरठ की वाइस सेक्रेटरी नैना सिंह ने विद्यार्थियों को समाज व राष्ट्र सेवा हेतु सदैव तत्पर रहने का संदेश दिया।
इस अवसर पर निदेशक केआईटीई आकाश चबाक ने संस्थान का परिचय प्रस्तुत किया, वहीं आचार्य अनुज यादव ने संस्कृत आश्रम बालीली के इतिहास से सभी को अवगत कराया। फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ. अशोक कुमार यादव ने कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम तक सीमित नहीं रहते, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण व राष्ट्र निर्माण में स्तंभ की तरह खड़े रहते हैं।
कार्यक्रम में देशभर से आए 200 से अधिक डीन, डायरेक्टर्स, प्राचार्य व शिक्षकों को सम्मानित किया गया। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में छात्र-छात्राओं ने नृत्य, संगीत और कविताओं से सभी का मन मोह लिया।
कार्यक्रम का संचालन मयंक वर्मा ने किया तथा संयोजिका डॉ. सुरभा बंसल ने धन्यवाद ज्ञापित किया। अंत में लगभग 200 प्रतिभागी, शिक्षाविद, शोध छात्र एवं सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
इस अवसर पर अजय चौधरी,ललित ठाकुर,अखिल गौतम, तुषार ठाकुर,डॉ. संजय कौशिक, काजल शर्मा, गिरीश आज़ाद, राजेंद्र कुमार, दिनेश यादव, रीता देवी, डॉ. ममता रानी, रफिका आदि उपस्थित रहे।
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